उज्जैन, इस वर्ष पंचक्रोशी यात्रा रविवार 12 अप्रैल से प्रारंभ होगी। यात्रा के दौरान यात्रा मार्ग, प्रमुख पड़ाव व उप पड़ाव स्थलों पर विभिन्न विभागों द्वारा की जाने वाली व्यवस्थाओं की समीक्षा के लिए कलेक्टर श्री रौशन कुमार सिंह के द्वारा सोमवार को प्रशासनिक संकुल भवन के सभाकक्ष में बैठक ली गई।
बैठक में पुलिस अधीक्षक श्री प्रदीप शर्मा, सीईओ जिला पंचायत श्री श्रेयांस कूमट, नगर निगम आयुक्त श्री अभिलाष मिश्रा, डीएफओ श्री अनुराग तिवारी, एडीएम श्री अत्येंद्र सिंह गुर्जर एवं संबंधित विभागों के अधिकारी गण उपस्थित थे ।
बैठक में यात्रा के प्रमुख पड़ाव और उप पड़ाव स्थलों के बारे मे जानकारी दी गई। बताया गया कि सामान्यत: पंचक्रोशी यात्रा में प्रतिवर्ष लगभग 50 से 60 हजार यात्री सम्मिलित होते है। इसमें विशेषत: प्रदेश के विभिन्न शहरों और पड़ोसी राज्यों के श्रद्धालु भाग लेते हैं। इस वर्ष श्रद्धालुओं की संख्या में वृद्धि संभावित है।
कलेक्टर श्री सिंह ने बैठक में निर्देश दिए कि पंचक्रोशी यात्रा अत्यंत प्राचीन और महत्वपूर्ण धार्मिक यात्रा है। इसीलिए यात्रा करने वाले श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा ना हो इस बात का विशेष ध्यान रखा जाए। सिंहस्थ-2028 के अंतर्गत जो भी निर्माण कार्य किए जा रहे हैं इनमें पंचक्रोशी यात्रा मार्ग में आने वाले निर्माण कार्य यात्रा के पूर्व समय सीमा में पूर्ण कर लिए जाएं। यात्रा मार्ग का सुधार कार्य कर समतलीकरण का कार्य पूर्ण कर लिया जाए। बहुत से श्रद्धालु नंगे पैर यात्रा करते हैं उन्हें मार्ग में पैदल यात्रा के दौरान असुविधा ना हो।
कलेक्टर श्री सिंह ने बैठक में निर्देश दिए कि पंचक्रोशी यात्रा के दौरान जो भण्डारे लगाये जाना है, उनमें आयोजनकर्ताओं द्वारा एसडीएम से अनुमति लेने के पश्चात ही भण्डारे लगाये जाएं। भण्डारों में वितरित किए जाने वाले भोजन की गुणवत्ता की निरंतर जांच की जाए। यात्रा के दौरान जो भण्डारे लगाया जाना है, उनकी पहले से सूची उपलब्ध करवाई जाए।
बैठक में लोक निर्माण विभाग (भवन एवं पथ) को मंदिर मे बैरिकेटिंग की व्यवस्था, यात्रा मार्ग पर संकेतक एवं माईलस्टोन लगवाने, कालियादेह से चक कमेड ग्राम अष्टतीर्थ मार्ग का रख-रखाव करवाने के निर्देश दिए गए।
लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी को यात्रा मार्ग में शुद्ध पेय जल, स्थाई, अस्थाई टंकी व टेंकर द्वारा प्रति पांच सौ मीटर पर पेयजल उपलब्ध कराने, प्रत्येक पड़ाव एवं उपपड़ाव स्थल पर यात्रा मार्ग में जल उपलब्ध कराने, पड़ाव एवं उपपड़ाव स्थल पर श्रद्धालुओं के स्नान के लिए शॉवर की व्यवस्था करने, अस्थाई शौचालयों के लिए जल उपलब्ध कराने, यात्रा मार्ग पर पेय जल स्त्रोतों के पानी का परीक्षण कर पेयजल के लिए उपयुक्त प्रमाण पत्र ग्राम पंचायत को उपलब्ध कराने और हैंड पम्पों का रख-रखाव रखने के निर्देश दिए गए।
एमपीईबी को प्रत्येक पड़ाव/उपपड़ाव स्थल पर यात्रा मार्ग में सतत विद्युत सप्लाई सुनिश्चित करने के लिए ट्रांसफार्मर एवं अन्य संधारण कार्य करने के निर्देश दिए गए तथा अस्थाई प्रकार व्यवस्था के लिए संबंधित जनपद पंचायत को अस्थाई कनेक्शन उपलब्ध करवाने व पड़ाव और उप पड़ाव स्थल पर विद्युत सुरक्षा की जांच करते हुए प्रमाणीकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में उज्जैन दुग्ध संघ को गर्मी के मौसम को ध्यान में रखते हुए श्रद्धालुओं के लिए ठंडे पेय जल के टैंकर उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए गए। प्रत्येक पड़ाव/उपपड़ाव स्थल पर सांची के आउटलेट लगाये जाने के निर्देश दिए गए ताकि श्रद्धालुओं को पर्याप्त मात्रा में दूध, छाछ, लस्सी एवं अन्य सामग्रियों की उपलब्धता सुनिश्चित की जा सके। जल संसाधन विभाग को 52 कुंड और यात्रा के पड़ाव स्थलों के समीप के घाटों पर पर्याप्त जल स्तर बनाये रखने के निर्देश दिए गए।
नगर पालिका निगम को अस्थाई शौचालय, चलित यूनिट व्यवस्था और साफ-सफाई के लिए सफाईकर्मी व वाहन की व्यवस्था उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए गए। यात्रा के दौरान नगर निगम क्षेत्र एवं यात्रा के मार्ग में पड़ने वाले समस्त पड़ाव/उपपड़ाव स्थलों पर प्रति पड़ाव दो-दो फायर ब्रिगड उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए गए। यात्रा के दौरान मच्छर उन्मूलन के लिए मच्छर रोधी फॉगिंग करवाने के निर्देश दिए गए।
वन विभाग को यात्रा मार्ग के दौरान मधुमक्खी के छत्तों का चिन्हाकन कर उन्हें हटाये जाने के निर्देश दिए गए। पंचक्रोशी यात्रा मार्ग में छायादार वृक्ष लगाये जाने के निर्देश दिए गए। स्वास्थ्य विभाग को यात्रा के दौरान विभिन्न पड़ाव और उप पड़ाव स्थलों पर प्राथमिक चिकित्सा केंद्र स्थापित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही गर्मी के मौसम को देखते हुए पर्याप्त संख्या में ओआरएस और अन्य सभी आवश्यक दवाईयां और वेसलिन जेली, मरहम उपलब्ध रखने के निर्देश दिए गए।
कलेक्टर श्री सिंह ने महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिये गये कि यात्रा के दौरान महिलाओं के लिए विशेष हेल्प डेस्क सभी पड़ाव और उपपड़ाव स्थलों पर लगाई जाए ।
श्रद्धालुओं को सभी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाएं। आगामी सिंहस्थ-2028 को ध्यान में रखते हुए इस बार पंचक्रोशी
यात्रा मार्ग में सभी तैयारियां करना सुनिश्चित किया जाए। समस्त विभाग आपसी समन्वय से कार्य करें। यात्रा मार्ग में पौधारोपण अधिक से अधिक किया जाए। इसके लिए किस प्रकार के पौधे लगाये जाना चाहिए। इस पर कार्य योजना बनाई जाए।
पुलिस अधीक्षक श्री शर्मा ने कहा कि यात्रा में मूलभूत आवश्यकताओं की पूर्ति पर विशेष ध्यान रखें। स्वास्थ्य विभाग द्वारा एंटी वेनम और अन्य प्रमुख दवाईयां पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध रखी जाए। समस्त पड़ाव और उप पड़ाव स्थलों पर अग्निशमन यंत्रो की व्यवस्था की जाए। सुरक्षा की दष्टि से यात्रा मार्ग में सीसीटीवी कैमरे लगाये जाए । विद्युत सप्लाई निरंतर जारी रहे जहां जहां मार्ग में शोल्डरर्स आ रहे हैं वहां पर सभी व्यवस्थाएं की जाए ।