सीईओ जिला पंचायत द्वारा विभिन्‍न मामलों में जन सुनवाई की गई

उज्जैन, मंगलवार को कलेक्‍टर कार्यालय प्रशासनिक संकुल भवन के सभाकक्ष में सीईओ जिला पंचायत श्री श्रेयांस कूमट द्वारा विभिन्‍न मामलों में जनसुनवाई की गई।

बाढ़कुम्‍मेद‍ निवासी मुकेश कुमार जैन ने आवेदन देकर शिकायत की कि उनकी ग्राम दुदरसी में स्थित कृषि भूमि के समीप स्थित भूमि का सीमांकन गलत तरीके से किया जा रहा है। इसमे नपती भी उचित तरीके से नहीं की जा रही है। इस पर तहसीलदार उज्‍जैन ग्रामीण को आवश्‍यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए।

माकडौन निवासी चंद्रशेखर दवे ने आवेदन दिया कि उनके द्वारा माकडौन की नकल शाखा से जमीन के कागजों की प्रतिलिपि प्राप्‍त करने के लिए आवेदन दिया गया था। परंतु आज दिनांक तक उन्‍हें दस्‍तावेज उपलब्‍ध नहीं हुए है। इस पर तहसीलदार माकडौन को तत्‍काल नकल प्रदान करने के निर्देश दिए गए।

उज्‍जैन निवासी लक्ष्‍मीनारायण चौहान ने आवेदन दिया कि उनके बेटे और बहू द्वारा हाथापाई कर उन्‍हें घर से निकाल दिया गया है तथा उनके मकान पर जबरन कब्‍जा कर लिया है। इस वजह से उन्‍हें भरण पोषण करने में बहुत परेशानी हो रही है। इस पर एसडीएम उज्‍जैन शहर को भरण पोषण अधिनियम के अंतर्गत कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए।

ग्राम गावड़ी तहसील तराना निवासी चंदाबाई ने आवेदन दिया कि गांव में उनके स्‍वामित्‍व की कृषि भूमि पर लगाई गई फसल को कुछ दबंग लोगों द्वारा बल पूर्वक काट कर कब्‍जा कर लिया गया है। इस पर एसडीएम तराना को मामले की जांच कर आवश्‍यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए।

तहसील महिदपुर के ग्राम दुबली निवासी रमेश परमार ने आवेदन दिया कि वे पिछले 04 वर्षों से आधे शरीर से लकवाग्रस्‍त है। उनकी आय का और कोई साधन नहीं है इसलिए उन्‍हें शासन की ओर से आर्थिक सहायता उपलब्‍ध कराई जाए। इस पर सीईओ जनपद पंचायत महिदपुर को नियमानुसार कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए।

उज्‍जैन निवासी कमल कुमार ने आवेदन दिया कि उनके घर के सामने पीएचई की पाइप लाइन फुट गई है जिस वजह से पानी उनके मोहल्‍ले के आस पास लगातार बहता रहता है। उनके द्वारा विभाग में पूर्व में भी शिकायत दर्ज करवाई है परंतु आज दिनांक तक इसका निदान नहीं किया गया है। पानी के लगातार बने रहने के कारण क्षेत्र में बीमारियों की संभावना बन रही है। इस पर आयुक्‍त नगर निगम को शीघ्र कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए।

उज्‍जैन निवासी श्रीमती सुनीता शर्मा ने आवेदन दिया कि उनके पति ने एक हाउसिंग फाइनेंस कंपनी से घर बनाने के लिए ऋण प्राप्‍त किया था। जिसका उनके द्वारा बीमा भी कराया गया था, उनके पति की असमय मृत्‍यु हो गई है। होम लोन का बीमा होने के बावजूद संस्‍थान द्वारा लोन की रि‍कवरी उनसे की जा रही है तथा उन पर शेष राशि जमा करने का दबाव बनाया जा रहा है। इस पर एलडीएम उज्‍जैन को मामले में उचित कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए।

इसी प्रकार अपर कलेक्‍टर श्री शाश्‍वत शर्मा तथा अन्‍य अधिकारियों द्वारा विभिन्‍न मामलों में जनसुनवाई की गई।