उज्जैन, माननीय न्यायालय श्रीमती प्रेमा साहू, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, तराना द्वारा विशेष प्रकरण क्रमांक एसटी 25/2022, थाना माकड़ोन के अपराध क्रमांक 441/2021 धारा 302, 34, 147, 148, 149 भादवि में निर्णय पारित करते हुए अभियुक्तगण –
1.मदन पिता शंकरलाल
2.राजेश पिता रामलाल
3.भोमसिंह पिता राजाराम
4.भगवान पिता अंबाराम
5.देवकरण पिता नारायण
6.होकम पिता देवीसिंह
7.वीरम उर्फ विकम पिता देवीसिंह
8.अटल पिता लाखनसिंह
9.उमराव पिता नागूसिंह
10.रमेश पिता राजाराम
11.रतन पिता शंकरलाल
12.बद्रीलाल पिता शंकरलाल
13.गोपाल पिता मदनलाल
14.मुकेश पिता रामचंद्र, को दोषी पाते हुए धारा 302/149 भादवि के अंतर्गत आजीवन कारावास एवं प्रत्येक अभियुक्त को 1,000-1,000 रुपये अर्थदण्ड से दंडित किया गया। साथ ही धारा 148 भादवि में 03-03 वर्ष का सश्रम कारावास एवं 500-500 रुपये जुर्माना तथा धारा 147 भादवि में 02-02 वर्ष का सश्रम कारावास एवं 500-500 रुपये जुर्माने से दंडित किया गया। जुर्माना अदा न करने की स्थिति में अतिरिक्त कारावास भुगतने का आदेश भी दिया गया।
अभियोजन की ओर से प्रकरण में पैरवी प्रभारी उपनिदेशक (अभियोजन) श्री राजेन्द्र कुमार खाण्डेगर के मार्गदर्शन में विशेष लोक अभियोजक श्री शिरीष उपासनी द्वारा की गई तथा पैरवी में सहयोग श्री विमल कुमार सिंह एडीपीओ द्वारा प्रदान किया गया।
🔹*घटना का संक्षिप्त विवरण*–
दिनांक 08.11.2021 को थाना माकड़ोन पुलिस को ग्राम गोदड़ी क्षेत्र में लड़ाई-झगड़े की सूचना प्राप्त हुई थी। सूचना पर उप निरीक्षक अशोक शर्मा मय पुलिस बल के ग्राम गोदड़ी स्थित बालू वा माल तालाब कालाभाटा पहुंचे, जहां एक व्यक्ति खून से लथपथ मृत अवस्था में पड़ा मिला।
🔹*पुलिस कार्यवाही कार्यवाही*–
पूछताछ में मौके पर मृतक की पहचान रामचंद्र पिता मांगीलाल गुर्जर उम्र करीब 60 वर्ष निवासी ग्राम गोदड़ी के रूप में हुई। फरियादी विक्रम सिंह गुर्जर ने बताया कि घटना दिनांक को वह अपने भाईयों के साथ पशु चरा रहा था, तभी रामचंद्र के चिल्लाने की आवाज सुनाई दी। मौके पर जाकर देखा तो आरोपीगण विभिन्न घातक हथियारों से लैस होकर रामचंद्र के साथ बेरहमी से मारपीट कर रहे थे।आरोपियों द्वारा एक राय होकर धारदार एवं घातक हथियारों से हमला किया गया, जिससे रामचंद्र की मौके पर ही मृत्यु हो गई। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। पुलिस द्वारा देहाती नालसी कायम कर अपराध क्रमांक 441/2021 पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभ की गई।
पुलिस अधीक्षक जिला उज्जैन श्री प्रदीप शर्मा के निर्देशानुसार अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री गुरुप्रसाद पारासर के निर्देशन मे एसडीओपी तराना श्री भविष्य भास्कर के मार्गदर्शन उक्त प्रकरण मे माननीय न्यायालय तराना मे चल रहे प्रकरण की लगातार मानिटीरिंग कर साक्षीगणो के कथन कराये गये ।विवेचना उपरांत अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया।
विचारण के दौरान अभियुक्त अंबाराम पिता केसरसिंह गुर्जर की मृत्यु हो गई थी। शेष अभियुक्तों के विरुद्ध अभियोजन द्वारा प्रस्तुत साक्ष्यों एवं गवाहों के आधार पर न्यायालय ने अपराध सिद्ध पाते हुए उपरोक्त दंड से दंडित किया।
🏆 *सराहनीय भूमिका*–
तत्कालीन थाना प्रभारी व विवेचक स्व. श्री उनि अशोक शर्मा, थाना प्रभारी माकड़ोन श्री प्रदीप सिंह राजपूत, उनि लालचंद शर्मा, सउनि अजय कुमार माथुर, आरक्षक क्रमांक 93 संतोष पटेल, कोर्ट मोहरर आरक्षक विनित मण्डलोई एवं लोक अभियोजन अधिकारी श्री शिरीष उपासनी की प्रकरण में सराहनीय भूमिका रही।