उज्जैन, शासन के निर्देशानुसार आज मंगलवार को कलेक्टर श्री रौशन कुमार सिंह द्वारा प्रशासनिक संकुल भवन के सभाकक्ष में जनसुनवाई की गई। जनसुनवाई में 100 से अधिक आवेदकों ने समस्या संबंधी आवेदन दिए।
चिमनगंज निवासी मीराबाई ने आवेदन दिया कि उनके किराएदार द्वारा उनके स्वामित्व के मकान पर ताला लगा दिया गया है तथा वह शहर से कहीं बाहर चले गए हैं। इस बात को एक वर्ष से अधिक हो गया है। अतः इस संबंध में उचित कार्रवाई की जाए। इस पर पुलिस अधीक्षक को जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
उज्जैन निवासी नीता परमार ने उनके स्वामित्व के मकान के समीप कुछ लोगों द्वारा अवैध निर्माण किए जाने के संबंध में आवेदन दिया। जिस पर नगर निगम आयुक्त को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
करोहन निवासी सोहन सिंह ने गांव में स्थित स्कूल के समीप गंदगी जमा होने के संबंध में आवेदन दिया, जिस पर सीईओ जनपद पंचायत उज्जैन को जांच कर शीघ्र कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
उज्जैन निवासी साबिरा बी ने आवेदन दिया कि उन्हें आवास के लिए जमीन का पट्टा प्रदान किया गया था, परंतु आज दिनांक तक उन्हें वहां पर जमीन का स्वामित्व प्रदान नहीं किया गया है। इस पर नगर निगम के जोन अधिकारी को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
जयसिंहपुरा निवासी श्यामाबाई ने आवेदन दिया कि वे गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन करती हैं तथा उन्हें शासन की योजना के अनुसार आवास उपलब्ध करवाया जाए। आयुक्त नगर निगम को नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
बड़नगर के ग्राम मुनावद निवासी विजय जाट ने आवेदन दिया कि गांव में पुलिया का निर्माण करवाया जाए। तहसीलदार बड़नगर को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
घट्टिया के ग्राम सोडंग निवासी रामकुंवर बाई ने आवेदन दिया कि उनकी पैतृक संपत्ति से उन्हें और उनके बड़े बेटे को बेदखल कर दिया गया है। एसडीएम घट्टिया को जांच कर उचित कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
महिदपुर के ग्राम पाताखेड़ी के सरपंच ने आवेदन दिया कि गांव में स्थित कोटवार स्थानीय लोगों से दुर्व्यवहार करता है, अतः उसे हटाया जाए। एसडीएम महिदपुर को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
बड़नगर के ग्राम धुरेरी निवासी प्रेम सिंह ने मोहल्ले में पानी की निकासी की समस्या के संबंध में आवेदन दिया, संबंधित अधिकारी को उचित कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
उज्जैन निवासी अंजली जाटवा ने आवेदन दिया कि वे वन विभाग में कार्यरत थीं तथा सेवानिवृत्ति के पश्चात उनकी ग्रेच्युटी और मेडिकल बिलों का भुगतान आज दिनांक तक नहीं किया गया है। डीएफओ उज्जैन को जांच कर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
इसी प्रकार एडीएम श्री अत्येंद्र सिंह गुर्जर, अपर कलेक्टर श्री शाश्वत शर्मा, सीईओ जिला पंचायत श्री श्रेयांस कूमट एवं संबंधित अधिकारियों द्वारा आवेदनों पर सुनवाई की गई।